रिपोर्ट: लक्ष्मण बिष्ट 👹👹 : लोहाघाट:ग्राम पाटन-पाटनी से युवा शशांक पाण्डेय उतरे चुनाव मैदान में, जनसेवा और विकास को बनाया लक्ष्य
Laxman Singh Bisht
Sat, Jun 28, 2025
ग्राम पाटन-पाटनी से युवा शशांक पाण्डेय उतरे चुनाव मैदान में, जनसेवा और विकास को बनाया लक्ष्य
लोहाघाट की ग्राम पंचायत पाटन-पाटनी के विकास को एक नई दिशा देने के लिए अब गांव का एक ऊर्जावान, शिक्षित और संकल्पबद्ध युवा सामने आया है। शशांक पाण्डेय, जिन्होंने क्षेत्र पंचायत सदस्य पद हेतु चुनाव लड़ने की घोषणा की है, अपने ठोस एजेंडे और साफ़ नीयत के कारण जनता के बीच आशा की एक नई किरण बनकर उभरे हैं।उन्होंने जनता से जुड़े जमीनी मुद्दों को बनाया प्राथमिकता में रखा है।शशांक पाण्डेय ने अपने चुनावी घोषणापत्र में उन विषयों को प्रमुखता दी है जो वास्तव में ग्रामीण जीवन की रीढ़ हैं। उन्होंने कहा कि पाटन-पाटनी लिंक रोड की हालत सुधरेगी। ग्रामवासियों का वर्षों पुराना दर्द – खस्ताहाल लिंक रोड, उनकी प्राथमिकता में शामिल है। शशांक पाण्डेय ने वादा किया है कि इस सड़क का समुचित मरम्मत कार्य कराया जाएगा, जिससे आवागमन सुरक्षित और सुगम हो सके।उन्होंने बताया कि झूमाधुरी मंदिर स्थानीय आस्था का केंद्र झूमाधुरी मंदिर केवल एक धार्मिक स्थल नहीं, बल्कि क्षेत्र की सांस्कृतिक पहचान है।इस मंदिर में विकास कार्य और पर्यटन को बढ़ावा देने वाली सुविधाओं का निर्माण कराया जाएगा। मंदिर को एक आध्यात्मिक पर्यटन स्थल के रूप में विकसित करने की योजना है।उन्होंने बताया कि गांव के कई हिस्सों में पानी की भारी किल्लत है, जिससे महिलाएं और बुज़ुर्ग सबसे ज़्यादा प्रभावित होते हैं।उन्होंने बताया कि सोलर और स्ट्रीट लाइट से रोशन होंगे रास्ते।अंधेरे रास्ते अब बीते कल की बात होंगे। गांव की गलियों और मुख्य रास्तों में सोलर लाइट और पक्की स्ट्रीट लाइट लगवाने का पक्का वादा किया गया है। इससे महिलाओं, बच्चों और बुज़ुर्गों की सुरक्षा भी सुनिश्चित होगी।उन्होंने बताया कि गांव के अन्य मंदिर, धार्मिक स्थलों, और सांस्कृतिक धरोहरों की पहचान को संजोकर उनका विकास भी एजेंडे में है।
शशांक पाण्डेय – एक शिक्षित, जागरूक और कर्मठ उम्मीदवार
शशांक पाण्डेय न केवल उच्च शिक्षित हैं, बल्कि उनकी छवि ईमानदारी, सादगी और सेवा भाव से परिपूर्ण है। गांव के युवाओं, बुजुर्गों और महिलाओं में उनके प्रति गहरा विश्वास है।
उनका मानना है कि –
“गांव बदल सकता है, यदि हम मिलकर सोचें, मिलकर चलें और सही प्रतिनिधि चुनें।” उनकी सोच में राजनीति नहीं, “जनसेवा को माध्यम बना कर विकास का संकल्प” है।