रिपोर्ट:लक्ष्मण बिष्ट 👹👹 : लोहाघाट: आनन्द के जिला पंचायत अध्यक्ष बनने में चाणक्य की भूमिका निभा गए "दान"
Laxman Singh Bisht
Mon, Aug 11, 2025
आनन्द के जिला पंचायत अध्यक्ष बनने में चाणक्य की भूमिका निभा गए "दान"
दान और आनंद की जोड़ी ने किया धमाल। दो साल पहले से जुट गए थे तैयारी में।
जिस प्रकार चंद्रगुप्त मौर्य को अखंड भारत का सम्राट बनाने में आचार्य चाणक्य ने महत्वपूर्ण भूमिका निभाई थी ठीक उसी प्रकार आनंद अधिकारी को चंपावत जिले का निर्विरोध जिला पंचायत अध्यक्ष बनाने में जिसने चाणक्य की भूमिका निभाई वह थे "दिनेश बिष्ट उर्फ दान"। निर्विरोध जिला अध्यक्ष बनना हर किसी के बस की बात नहीं है पर दान ने इस असंभव से दिखने वाले कार्य को अपनी राजनीतिक चालों से सफल करके दिखाया। आनंद को जिला पंचायत अध्यक्ष बनाने की भूमिका आज से 2 वर्ष पूर्व ही रखी जा चुकी थी। जिस पर दान ने आनंद को साथ लेकर कार्य करना शुरू कर दिया था। दान जैसा कहते गए आनंद वैसा ही करते चले गए और आज परिणाम सामने है। लगभग दो वर्ष पहले से ही दान आनंद को साथ लेकर गांव गांव का भ्रमण करने लगे थे।
गांव की रामलीला हो चाहे कोई भी धार्मिक आयोजन दान आनंद को लेकर वहा पहुंचते थे। इस दौरान इन दोनों की जोड़ी के द्वारा असहाय लोगों की मदद करना हो या गांव की समस्याओं पर कार्य करना हो उस पर कार्य किया गया ।दान आनंद को ग्रामीणों व जनप्रतिनिधियों से मिलाते चले गए और आनंद की पहचान बनती गई। इसी का परिणाम था आनंद गरसाड़ी से रिकॉर्ड तोड़ मतों से जीते तथा जिला पंचायत की तीन सीटों पर निर्विरोध जिला पंचायत सदस्य बनाने मे भी कामयाब रहे तथा आनंद के लिए सदस्यो का समर्थन जोड़ने में भी "दान"ने अपनी महत्वपूर्ण भूमिका निभाई।
दान रास्ता दिखाते गए और आनंद उस पर बेहिचक चलते गए ।मिशन जिला पंचायत अध्यक्ष के दौरान दान हमेशा आनंद के साथ सारथी के तौर पर खड़े नजर आए और अंत में इन दोनों की जोड़ी ने अपने मिशन को कामयाब किया ।आनंद भी मानते हैं अगर दिनेश बिष्ट उर्फ दान का साथ नहीं होता तो शायद आज वह इस मुकाम पर नहीं पहुंच पाते। आज शायद आनंद के जिला पंचायत अध्यक्ष बनने की अगर सबसे ज्यादा खुशी किसी को होगी तो वह होंगे दिनेश बिष्ट उर्फ दान। पर पर्दे के पीछे का यह हीरो किसी को नजर नहीं आया। दान का कहना है आज उनके जीवन का सबसे बड़ा खुशी का पल है कि आनंद चंपावत जिले के पहले नागरिक बने। वही आनंद ने भी जिले का पहला नागरिक बनने पर अपने इस मित्र को गले से लगा लिया। मित्रता हो तो ऐसी हो। आनंद के जिला पंचायत अध्यक्ष बनने पर उनका यह मित्र खुशी से झूमता नाचता नजर आया। आनंद को इस मुकाम तक पहुंचाने के लिए कई लोगों ने महत्वपूर्ण भूमिका निभाई पर सबसे बड़ी भूमिका दान के द्वारा निभाई गई । अगर भविष्य में इस जोड़ी को किसी की नजर ना लगी तो यह जोड़ी भविष्य में और भी बड़े कमाल कर सकती है।