रिपोर्ट: लक्ष्मण बिष्ट : जनपद चम्पावत में इन्सपायर अवार्ड मानक योजना पर एक दिवसीय अभिमुखीकरण कार्यशाला आयोजित।
जनपद चम्पावत में इन्सपायर अवार्ड मानक योजना पर एक दिवसीय अभिमुखीकरण कार्यशाला आयोजित।

लोहाघाट। भारत सरकार के विज्ञान एवं प्रौद्योगिकी विभाग (DST) के अंतर्गत संचालित इन्सपायर अवार्ड–मानक (INSPIRE Award–MANAK) योजना के प्रभावी क्रियान्वयन एवं विद्यालयों में नवाचार की संस्कृति को बढ़ावा देने के उद्देश्य से शनिवार को जिला शिक्षा एवं प्रशिक्षण संस्थान (डायट) लोहाघाट में एक दिवसीय जनपद स्तरीय अभिमुखीकरण कार्यशाला का आयोजन किया गया।कार्यक्रम का शुभारंभ डायट के प्रभारी प्राचार्य आशुतोष वर्मा ने दीप प्रज्वलित कर किया। उन्होंने कहा कि इन्सपायर अवार्ड योजना विद्यार्थियों में वैज्ञानिक दृष्टिकोण, रचनात्मक सोच और नवाचार की भावना विकसित करने का सशक्त माध्यम है। उन्होंने शिक्षकों से अधिकाधिक विद्यार्थियों को इस योजना से जोड़ते हुए स्थानीय समस्याओं पर आधारित नवाचारी मॉडल तैयार कराने का आह्वान किया।

जिला इन्सपायर समन्वयक नवीन पंत ने पावर पॉइंट प्रस्तुतीकरण के माध्यम से योजना के उद्देश्य, पात्रता, ऑनलाइन नामांकन, मॉडल चयन, मूल्यांकन प्रक्रिया तथा समय-सीमा की विस्तृत जानकारी दी। उन्होंने बताया कि योजना का उद्देश्य 10 से 15 वर्ष आयु वर्ग के विद्यार्थियों की मौलिक वैज्ञानिक सोच को प्रोत्साहित कर उन्हें नवाचार की मुख्यधारा से जोड़ना है। उन्होंने कहा कि प्रत्येक विद्यालय से अधिकाधिक प्रविष्टियां भेजे जाने से जनपद के विद्यार्थियों को राज्य एवं राष्ट्रीय स्तर पर अपनी प्रतिभा प्रदर्शित करने का अवसर मिलेगा।कार्यशाला का संचालन जिला विज्ञान समन्वयक (प्राथमिक शिक्षा)नरेश जोशी ने किया। उन्होंने कहा कि जनपद के प्रत्येक विद्यालय की सक्रिय भागीदारी सुनिश्चित करने के लिए लगातार प्रयास किए जा रहे हैं। शिक्षकों की भूमिका विद्यार्थियों की जिज्ञासा और रचनात्मक क्षमता को पहचानकर उसे नवाचार में बदलने की है। इससे पूर्व राज्य समन्वयक अभिनाष उनियाल ने भी ऑनलाइन माध्यम से संबोधित किया। कार्यशाला में डायट प्रवक्ता नवीन उपाध्याय, राजेन्द्र गड़कोटी, नवीन पांडेय जीवन कालोनी, भुवन जोशी कुसुम जोशी पूजा जोशी निरंजना बोहरा कैलाश जोशी नरेश बोहरा कीर्ति भट्ट दीपक माहरा विपिन पंत ज्योति वर्मा मनोज मेहरा सहित जनपद के सैकड़ों विज्ञान शिक्षकों ने प्रतिभाग किया। कार्यशाला में प्रतिभागियों की जिज्ञासाओं का समाधान करते हुए इन्सपायर अवार्ड–मानक योजना के विभिन्न तकनीकी पहलुओं पर विस्तार से जानकारी दी।कार्यक्रम के अंत में शिक्षकों ने अधिकाधिक विद्यार्थियों को इन्सपायर अवार्ड–मानक योजना से जोड़ने तथा जनपद चम्पावत को नवाचार के क्षेत्र में अग्रणी बनाने का संकल्प लिया।