रिपोर्ट:लक्ष्मण बिष्ट : लोहाघाट:79 साल बाद सजा यादों का महाकुंभ, लोहाघाट जीआईसी में पुरातन छात्रों का ऐतिहासिक मिलन।
79 साल बाद सजा यादों का महाकुंभ, लोहाघाट जीआईसी में पुरातन छात्रों का ऐतिहासिक मिलन।
विद्यालय की माटी का तिलक, ज्ञानदीप को नमन; देश–विदेश से जुड़े पूर्व छात्र, छात्रवृत्ति घोषणाओं से भावुक हुआ समारोह।
लोहाघाट। चंपावत जिले की ऐतिहासिक एवं पहली शिक्षण संस्था राजकीय इंटर कॉलेज, लोहाघाट में 79 वर्षों में पहली बार आयोजित पुरातन छात्र पुनर्मिलन समारोह भावनाओं, स्मृतियों और गौरव के अनूठे संगम का साक्षी बना। वर्षों बाद जब बिछड़े साथी एक ही छत के नीचे मिले तो पूरा परिसर तालियों, हंसी और भावुक पलों से गूंज उठा।पूर्व छात्रों ने विद्यालय पहुंचते ही ज्ञान के दीपक के समक्ष शीश नवाया, विद्यालय की पावन माटी का तिलक लगाया और अपने छात्र जीवन की सुनहरी यादों को फिर से जीवंत किया। सभी ने संस्थापक पंडित बेनीराम पुनेठा को श्रद्धापूर्वक नमन करते हुए पाटन गांव के पाटनी एवं पांडे वंश के उन दानवीरों को स्मरण किया, जिन्होंने विद्यालय भवन निर्माण हेतु 22 एकड़ भूमि दान कर शिक्षा का दीप प्रज्वलित किया था।
समारोह एसएमसी अध्यक्ष मनोहर सिंह करायत की अध्यक्षता तथा संयोजक शाम चौबे व प्रमोद पाटनी के संचालन में आयोजित हुआ। दीप प्रज्वलन, सरस्वती वंदना और स्वागत गीत के साथ कार्यक्रम का शुभारंभ हुआ। प्रधानाचार्य एवं खंड शिक्षा अधिकारी घनश्याम भट्ट ने सभी अतिथियों का स्वागत करते हुए कहा कि यह विद्यालय क्षेत्र के हजारों विद्यार्थियों के भविष्य को संवार चुका है और आज भी शिक्षा की मजबूत नींव तैयार कर रहा है।पूर्व छात्रों ने अपने अनुभव साझा करते हुए कहा कि इस विद्यालय से उनका रिश्ता आत्मा और परमात्मा जैसा है। शिक्षाविद् बंशीधर कॉलोनी, केंद्रीय विद्यालय के पूर्व प्राचार्य वासुदेव ओली ने कहा कि शिक्षक और शिक्षण संस्था का छात्र के व्यक्तित्व निर्माण में गहरा प्रभाव पड़ता है।
एडवोकेट नवीन मुरारी, पी0एस. मेहता, रमेश देव, प्रकाश करायत, पूर्व प्रमुख भागीरथ भट्ट, वरिष्ठ पत्रकार गणेश दत्त पांडे, सचिन जोशी, शिव दत्त जोशी, के0एस देव, मनीष जुकरिया, भुवन चौबे, बृजेश मेहरा, जीवन मेहता, डॉक्टर रवीश गरकोटी सहित अनेक वक्ताओं ने शिक्षकों से विद्यार्थियों के साथ भावनात्मक जुड़ाव बनाकर उन्हें ऊंचे मुकाम तक पहुंचाने का आह्वान किया। विद्यालय परिवार की ओर से हेमचंद पांडे, कैप्टन दीपक भट्ट, लेफ्टिनेंट राजू, शंकर जोशी, विजय जोशी, बीके सिंह, विक्रमाजीत चौहान, तनुजा राय, हेमा जोशी, हरीश भट्ट, स्वयं प्रभा भट्ट, ज्योत्सना आदि ने अतिथियों का स्वागत कर आभार व्यक्त किया। संयोजक शाम चौबे ने इस परंपरा को निरंतर जारी रखने का संकल्प दोहराया तथा कार्यक्रम के सफल आयोजन हेतु सभी को धन्यवाद दिया तथा विद्यालय निर्माण में महत्व पूर्ण भूमिका निभाने वाले महान दानी पंडित बेनी राम पुनेठा जी की स्मारिका निर्माण में सहयोग की अपील की।
(देश–विदेश से जुड़े पूर्व छात्र, छात्रवृत्ति की घोषणाओं से बढ़ा उत्साह। )
लोहाघाट। पुरातन छात्र मिलन समारोह से देश और विदेश में बसे पूर्व छात्र भी वर्चुअल माध्यम से जुड़े। लंदन से ईलारा कंपनी के सीईओ राज भट्ट, मुंबई से लड़वाल फाउंडेशन के अध्यक्ष नरेंद्र लड़वाल, हिमाचल प्रदेश से पूर्व चीफ इंजीनियर बीडी जोशी, गाजियाबाद से यूपीसीएल के हर्षित मौर्या तथा कैलिफोर्निया से दीप प्रकाश जोशी ने कार्यक्रम की सराहना करते हुए शुभकामनाएं दीं। कैलिफोर्निया से दीप प्रकाश जोशी ने विद्यार्थियों के लिए 50-50 हजार रुपये की छात्रवृत्ति देने की घोषणा की, वहीं कार्यक्रम संयोजक शाम चौबे ने अपने पिता स्व. शिरोमणि चौबे के नाम पर 50 हजार रुपये की छात्रवृत्ति शुरू करने की घोषणा कर समारोह को और भी गौरवपूर्ण बना दिया। इस दौरान पूर्व छात्र बल्लू महरा, दानू सुतेड़ी, बलवंत गिरी आदि मौजूद रहे।