रिपोर्ट:लक्ष्मण बिष्ट : बाराकोट:चुयरानी मे घर के बाहर सिंचाई कर रही महिला पर गुलदार का हमला महिला घायल।
Laxman Singh Bisht
Sun, Nov 9, 2025
चुयरानी मे घर के बाहर सिंचाई कर रही महिला पर गुलदार का हमला महिला घायल।
गुलदार ने महिला के चेहरे व पीठ में मारे पंजे।
ग्रामीणों में वन विभाग के खिलाफ भारी आक्रोश 2 दिन में लगातार दूसरा हमला।
ग्रामीणों की वन विभाग से पिंजरा लगाने की मांग। घटना की जानकारी मिलने पर रेंजर और राजस्व उप निरीक्षक पहुंचे अस्पताल
चंपावत जिले की लोहाघाट विधानसभा में गुलदार का आतंक बढ़ता ही जा रहा है ।आज रविवार शाम 6:00 बजे के लगभग बाराकोट ब्लॉक की चुयरानी ग्राम सभा में घर के बाहर खेत में पानी दे रही महिला तनुजा अधिकारी( 26 ) पत्नी मनमोहन सिंह पर घात लगाकर बैठे गुलदार ने अचानक हमला कर दिया ।गुलदार के हमले से तनुजा घायल हो गई ।गुलदार ने तनुजा अधिकारी के चेहरे व पीठ में अपने पंजे गड़ाए हैं। महिला के चिल्लाने पर परिजनों ने बाहर आकर हल्ला मचाया तो गुलदार महिला पर हमला करना छोड़ जंगल की ओर भाग गया।
परिजनों के द्वारा महिला को लोहाघाट उप जिला चिकित्सालय में उपचार के लिए भर्ती कराया गया है। गुलदार के लगातार हमले से क्षेत्र में वन विभाग के खिलाफ लोगों में गहरी नाराजगी है। मामले में भाजपा मंडल उपाध्यक्ष दीपेंद्र अधिकारी ने गहरी नाराजगी जताते हुए कहा कल भी पड़ोस के गांव जमरेड़ी में गुलदार ने ममता देवी पर हमला किया। किसी तरह ममता ने गुलदार के हमले से खुद को बचाया। आज घर के बाहर खेतों की सिंचाई कर रही तनुजा देवी पर गुलदार ने हमला कर दिया ।दीपेंद्र अधिकारी ने कहा कल हुए गुलदार के हमले की सूचना उनके द्वारा काली कुमाऊं रेंजर को फोन के माध्यम से दी थी पर कोई कार्रवाई उनके द्वारा नहीं की गई। और आज गुलदार ने फिर से हमला कर दिया है। दीपेंद्र अधिकारी ने कहा यह वन विभाग की घोर लापरवाही है ।दीपेंद्र अधिकारी और ग्रामीणों ने वन विभाग से गुलदार को पकड़ने के लिए पिजड़ा लगाने की मांग की है। दीपेंद्र ने कहा महिला का लोहाघाट उप जिला चिकित्सालय में उपचार चल रहा है तथा वन विभाग व राजस्व विभाग को घटना की जानकारी दे दी है ।जिसके बाद काली कुमाऊ रेंजर व राजस्व उप निरीक्षक ने अस्पताल जाकर महिला का हाल-चाल जाना तथा घटना की जानकारी ली। काली कुमाऊं रेंजर के द्वारा उन्हें जल्द पिजड़ा लगाने का आश्वासन दिया गया है। गुलदार के लगातार हमले से क्षेत्र में दहशत का माहौल है। दीपेंद्र ने बताया जल संस्थान के चौकीदार के द्वारा अंधेरे में पानी खोला जाता है जिस कारण ग्रामीणों को पानी भरने अंधेरे में बाहर आना पड़ता है ।उन्होंने जल संस्थान के अधिकारियों से समय पर पानी खोलने की मांग की है। ताकि ग्रामीणों को जंगली जानवरों का खतरा न हो।