रिपोर्ट: लक्ष्मण बिष्ट : लोहाघाट:पाटन पुल क्षेत्र में अधूरे कलमठ निर्माण पर नाराजगी क्षेत्र वासियों ने अधिशासी अभियंता को दिया ज्ञापन।
Laxman Singh Bisht
Mon, Jun 1, 2026
पाटन पुल क्षेत्र में अधूरे कलमठ निर्माण पर नाराजगी क्षेत्र वासियों ने अधिशासी अभियंता को दिया ज्ञापन।

8 दिन के भीतर कार्य शुरू न करने पर 8 जून से कार्यस्थल पर आंदोलन एवं धरने की चेतावनी।

एनएच विभाग के द्वारा लोहाघाट के पाटन पुल क्षेत्र में राष्ट्रीय राजमार्ग में जल निकासी के लिए बनाए जा रहे कलमठ निर्माण का कार्य शुरू किया गया है जिसे अधूरा छोड़ दिया गया। मामले में जल भराव से परेशान पाटन पुल निवासियों ने गहरी नाराजगी जताई है। आज सोमवार को क्षेत्रवासियों ने मां झुमांधुरी कमेटी अध्यक्ष मोहन चंद्र पाटनी के नेतृत्व में एनएच कार्यालय लोहाघाट में जाकर अधिशासी अभियंता को ज्ञापन दिया। ज्ञापन के माध्यम से क्षेत्रवासियों ने कहा विभाग के द्वारा पाटन पुल व आरामशीन के मध्य बन रहे कलमठो को आधा अधूरा बनाकर मिट्टी से बंद कर दिया गया है। जिनका कार्य लगभग 6 माह से चल रहा था उन्होंने कहा निर्माण कार्य को ठेकेदारो द्वारा अधूरा कार्य करने के बाद बंद कर दिया गया है ।जिससे क्षेत्रीय जनता में काफी आक्रोश व्याप्त है। कहा अगर विभाग द्वारा जल्द कलमठ निर्माण पूर्ण नहीं किया गया तो क्षेत्र के लोग आंदोलन करने को मजबूर होंगे। मोहन चंद्र पाटनी ने कहा इस क्षेत्र में कलमठ को बनाने हेतु विभाग से 2021 से निवेदन किया जा रहा है। परंतु विभाग द्वारा अभी तक कलमठ निर्माण कार्य पूरा नहीं किया जा रहा है पाटनी ने कहा क्षेत्र में जल भराव की समस्या को देखते हुए मेरे द्वारा कई कोशिशें के बावजूद लगभग 5 वर्ष बीतने के बाद कलमठ निर्माण की स्वीकृति मिली है जिसमें लगभग 6 माह से कार्य चल रहा है परंतु अभी तक कार्य पूर्ण नहीं हुआ है। पाटनी ने कहा बारिश होने पर पाटन पुल क्षेत्र मे जल भराव की समस्या आ जाती है तथा पूरी सड़क नदी में तब्दील होती है पानी लोगों के घरों में दुकानों में घुस जाता है। जिस कारण लोगों को काफी नुकसान होने के साथ-साथ कठिनाइयों का सामना करना पड़ताहै। पाटनी ने चेतावनी देते हुए कहा अगर 8 दिन के भीतर कार्य शुरू नहीं किया गया तो 8 जून से पाटन पुल क्षेत्रवासी कार्य स्थल पर आंदोलन एवं धरना प्रदर्शन के लिए मजबूर होंगे। जिसकी समस्त जिम्मेदारी विभाग की होगी। उन्होंने कहा एनएच विभाग की लापरवाही को कतई बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। ज्ञापन देने में सुभाष विश्वकर्मा, निर्मल सिंह करायत, मोनू फर्त्याल, नरेश गरकोटी आदि मौजूद रहे।



