रिपोर्ट:लक्ष्मण बिष्ट : लोहाघाट बाईपास निर्माण में पर्यावरणीय नुकसान का सुप्रीम कोर्ट के पूर्व जस्टिस ने किया आकलन।
Laxman Singh Bisht
Sun, May 3, 2026
लोहाघाट बाईपास निर्माण में पर्यावरणीय नुकसान का सुप्रीम कोर्ट के पूर्व जस्टिस ने किया आकलन।
पूर्व जस्टिस की रिपोर्ट पर टिका लोहाघाट बाईपास का भविष्य
लोहाघाट में प्रस्तावित बाईपास निर्माण को लेकर सुप्रीम कोर्ट के निर्देश पर सुप्रीम कोर्ट के पूर्व न्यायमूर्ति ए0के0 सीकरी ने शनिवार को प्रशासन व एन 0एच के अधिकारियों के साथ प्रस्तावित लोहाघाट बाईपास निर्माण में पर्यावरण व पेड़ों को होने वाले नुकसान का आकलन किया। चार धाम परियोजना प्रोजक्ट के अंतर्गत लोहाघाट के देवराड़ी बैंड से लेकर राईकोट महर तक बाईपास निर्माण प्रस्तावित है। पूर्व न्यायमूर्ति के द्वारा बाईपास निर्माण में पेड़ों व पर्यावरण को होने वाले नुकसान का आकलन किया तथा एनएच के अधिकारियों से बाईपास निर्माण योजना के बारे में जानकारी ली। अब पूर्व न्याय मूर्ति की जांच रिपोर्ट के बाद ही लोहाघाट बाईपास निर्माण पर निर्णय लिया जाएगा। एनएच के अभियंता दीपक जोशी के मुताबिक प्रस्तावित बाईपास में डेंसली से लेकर राईकोट महर तक टनल प्रस्तावित है। पूर्व न्यायमूर्ति के लोहाघाट पहुंचने पर एडीएम चंपावत कृष्णनाथ गोस्वामी सहित एनएच के अधिकारियों ने उनका स्वागत किया। इस दौरान एनएच के चीफ इंजीनियर मुकेश परमार, रिजनल ऑफिसर पंकज सिंह, एसई हरीश पांगती,अधिशासी अभियंता दीपक जोशी आदि मौजूद रहे।
